Atal Pension Yojana Closure Form PDF: APY खाता 60 से पहले कैसे बंद करें, कितना पैसा वापस मिलेगा
अंतिम अपडेट: 22 अक्टूबर 2026
Atal Pension Yojana Closure Form उन सब्सक्राइबरों के काम का है जो अटल पेंशन योजना (APY) की किस्त आगे नहीं भर पा रहे, या जिन्हें अचानक पैसे की ज़रूरत है और वे 60 साल से पहले खाता बंद करना चाहते हैं। इस पेज पर India Post पर उपलब्ध आधिकारिक फॉर्म का लिंक, फॉर्म के हर खाने का मतलब, खाता बंद करने पर कितना पैसा वापस मिलेगा और कितना नहीं, और मृत्यु या गंभीर बीमारी की स्थिति के अलग नियम दिए गए हैं। यह फॉर्म पेंशन फंड नियामक एवं विकास प्राधिकरण (PFRDA) के परिपत्र PFRDA/3/APY/109 (2 मई 2016) के साथ जारी हुआ था, और खाता बंद करने की प्रक्रिया आज भी इसी परिपत्र पर चलती है।
Atal Pension Yojana Closure Form: एक नज़र में
| फॉर्म का नाम | Atal Pension Yojana (APY) – Account Closure Form (Voluntary Exit) |
| जारी करने वाला | PFRDA, परिपत्र PFRDA/3/APY/109, दिनांक 2 मई 2016 |
| कहाँ जमा करें | उसी बैंक शाखा या डाकघर में जहाँ APY खाता खुला है |
| फॉर्म में क्या चाहिए | PRAN, नाम, बचत खाता संख्या, खाता बंद करने का कारण, हस्ताक्षर या अँगूठा निशान |
| पैसा कहाँ आएगा | APY में दर्ज बचत खाते में |
| सरकारी अंशदान | अपनी मर्ज़ी से खाता बंद करने पर वापस नहीं मिलता |
| फॉर्म डाउनलोड | India Post से PDF (परिपत्र + फॉर्म, 4 पेज) |
Atal Pension Yojana Closure Form PDF कहाँ से डाउनलोड करें
India Post की वेबसाइट पर यह फॉर्म चार पेज की PDF में है। पहले तीन पेज PFRDA का परिपत्र हैं, जिसमें खाता बंद करने के नियम लिखे हैं, और चौथा पेज असली फॉर्म है। प्रिंट करते समय सिर्फ चौथा पेज भी निकाल सकते हैं, पर पहले तीन पेज एक बार ज़रूर पढ़ लें, क्योंकि पैसा वापसी का पूरा हिसाब वहीं लिखा है। फॉर्म अंग्रेज़ी में है और एक ही पेज पर नीचे बैंक के भरने के लिए पावती (Acknowledgement) का हिस्सा भी बना है।
जिन लोगों ने खाता डाकघर में खुलवाया है, वे यही फॉर्म भरकर अपने डाकघर में देंगे। बैंक में खाता है तो फॉर्म उसी बैंक शाखा में जमा होगा। कई बैंक अपनी शाखा में भी यही फॉर्म छपा हुआ रखते हैं।
Atal Pension Yojana Closure Form कैसे भरें: हर खाने का मतलब
- To, The Branch Manager: ऊपर उस शाखा का नाम लिखें जहाँ आपका APY खाता है।
- PRAN: 12 अंकों का स्थायी सेवानिवृत्ति खाता नंबर। यह APY का खाता खुलने पर मिली पावती या SMS में होता है। हर खाने में एक अंक लिखें।
- Name of PRAN Holder: वही नाम जो बैंक खाते और APY में दर्ज है।
- Savings Bank Account: वह बचत खाता संख्या जिसमें पैसा (पेंशन वेल्थ) वापस आएगा। आम तौर पर यह वही खाता होता है जिससे किस्त कटती थी।
- Reason for Closure: तीन विकल्प हैं: किस्त नहीं भर पा रहे (Not able to pay contributions), तुरंत पैसे चाहिए (Require funds urgently), या अन्य कारण लिखें (Others)।
- Date, Place और हस्ताक्षर: हस्ताक्षर न कर सकें तो अँगूठा निशान लगाएँ: पुरुष बायाँ (LTI) और महिला दायाँ (RTI)।
नीचे का Acknowledgement वाला हिस्सा बैंक भरता है: आपका नाम, PRAN, खाता संख्या, बैंक और शाखा का नाम, फॉर्म लेने वाले अधिकारी का नाम, तारीख और मुहर। यह पावती ज़रूर लेकर रखें, क्योंकि आगे पैसा न आए तो शिकायत इसी के आधार पर होगी।
Atal Pension Yojana Closure Form जमा करने के बाद क्या होता है
परिपत्र के अनुसार प्रक्रिया इस क्रम में चलती है:
- सब्सक्राइबर पूरा भरा फॉर्म बैंक या डाकघर में देता है।
- बैंक फॉर्म और हस्ताक्षर की जाँच करके पावती देता है।
- बैंक अपने APY सिस्टम में खाता बंद करने का अनुरोध दर्ज करता है।
- यह अनुरोध केंद्रीय रिकॉर्ड-कीपिंग एजेंसी (CRA) के सिस्टम में जाता है।
- CRA खाता बंद करती है और APY खाते की यूनिटों के हिसाब से बनी राशि सब्सक्राइबर के बचत खाते में भेजती है।
PFRDA के 3 सितंबर 2021 के परिपत्र (PFRDA/2021/38/SUP-CRA/16) के बाद CRA पैसा भेजने से पहले “पेनी ड्रॉप” से जाँचती है कि बचत खाता चालू है या नहीं। इस जाँच का 2.40 रुपये और टैक्स आपके ही APY खाते से कटता है। अगर बचत खाता बंद या निष्क्रिय मिला, तो पैसा वापस नहीं आएगा और आपके PRAN में ही पड़ा रहेगा। दूसरे खाते में पैसा मँगाना सिर्फ अपवाद के रूप में होता है, और उसके लिए उस खाते का बैंक को मान्य सबूत देना पड़ता है। इसलिए पैसा आने तक अपना बचत खाता चालू रखें।
Atal Pension Yojana Closure Form: खाता बंद करने पर कितना पैसा मिलेगा
यह सबसे ज़रूरी हिस्सा है। अपनी मर्ज़ी से 60 साल से पहले खाता बंद करने पर आपको आपका अपना जमा किया पैसा और उस पर हुई शुद्ध कमाई मिलती है, जिसमें से खाता रखरखाव और निवेश प्रबंधन जैसे शुल्क काट लिए जाते हैं। सरकार ने जो अंशदान आपके खाते में डाला था, वह और उस पर हुई कमाई वापस नहीं मिलती। फॉर्म पर भी यह बात तारांकित नोट में साफ़ लिखी है।
सरकारी अंशदान हर सब्सक्राइबर को नहीं मिला था। यह सिर्फ उन्हें मिला जो 1 जून 2015 से 31 मार्च 2016 के बीच जुड़े, किसी वैधानिक सामाजिक सुरक्षा योजना में नहीं थे और आयकरदाता नहीं थे। उन्हें वित्त वर्ष 2015-16 से 2019-20 तक, पाँच साल, कुल किस्त का 50% या अधिकतम 1,000 रुपये सालाना मिला। यानी 2016 के बाद जुड़े ज़्यादातर लोगों के खाते में सरकारी अंशदान है ही नहीं, और उन्हें अपना पैसा और उसकी कमाई (शुल्क काटकर) मिलेगी।
| स्थिति | क्या मिलेगा |
|---|---|
| अपनी मर्ज़ी से खाता बंद | अपना अंशदान + उस पर शुद्ध कमाई, शुल्क काटकर; सरकारी अंशदान नहीं |
| गंभीर बीमारी (terminal illness) | पूरा कॉर्पस: अपना अंशदान, सरकारी अंशदान और कमाई |
| 60 से पहले मृत्यु | जीवनसाथी चाहे तो खाता अपने नाम पर चलाए; नहीं तो पूरा कॉर्पस जीवनसाथी/नॉमिनी को |
| 60 के बाद | चुनी गई मासिक पेंशन जीवन भर |
Atal Pension Yojana Closure Form: मृत्यु और गंभीर बीमारी के अलग नियम
मृत्यु या गंभीर बीमारी की स्थिति में खाता बंद होने पर पूरा कॉर्पस, यानी अपना अंशदान, सरकारी अंशदान और उस पर कमाई, सब्सक्राइबर या नॉमिनी को लौटाया जाता है। 60 साल से पहले सब्सक्राइबर की मृत्यु होने पर जीवनसाथी के पास विकल्प है कि वह बाकी समय तक किस्त भरता रहे और खाता अपने नाम पर चलाए। मूल सब्सक्राइबर 60 साल का होता, तब से जीवनसाथी को वही पेंशन जीवन भर मिलेगी। जीवनसाथी यह विकल्प न ले, तो कॉर्पस उसे मिल जाता है, और जीवनसाथी न हो तो नॉमिनी को।
मृत्यु के मामलों के लिए PFRDA का अलग क्लोज़र फॉर्म है। 25 अगस्त 2017 के परिपत्र (PFRDA/2017/22/APY/2) से प्रक्रिया आसान हुई: अब मूल मृत्यु प्रमाण पत्र देना ज़रूरी नहीं, बैंक शाखा या डाकघर से सत्यापित प्रति काफ़ी है। साथ में दावेदार का KYC, बैंक खाते का सबूत और सब्सक्राइबर से रिश्ते का सबूत देना होता है।
📊 विश्लेषण: Atal Pension Yojana Closure Form भरने से पहले यह हिसाब देखें
खाता बंद करने से क्या छूटता है: APY में सबसे बड़ा फ़ायदा गारंटीड पेंशन है, जो किसी बाज़ार की हालत में कम नहीं होती। 30 साल की उम्र में 5,000 रुपये की पेंशन चुनने वाला हर महीने 577 रुपये भरता है। पाँच साल बाद खाता बंद करने पर उसने लगभग 34,620 रुपये (577 × 12 × 5) जमा किए होंगे, और उसे यही रकम और उस पर कमाई (शुल्क काटकर) वापस मिलेगी। पर इसके साथ उसकी 60 के बाद की 5,000 रुपये महीने की पक्की पेंशन और जीवनसाथी व नॉमिनी की सुरक्षा भी ख़त्म हो जाती है।
दोबारा जुड़ना मुश्किल: APY में सिर्फ 18 से 40 साल की उम्र में जुड़ा जा सकता है, और अक्टूबर 2022 से आयकरदाता नहीं जुड़ सकते। अगर आप 38 की उम्र में खाता बंद करते हैं और 41 की उम्र में फिर पेंशन चाहें, तो रास्ता बंद हो चुका होगा। देर से जुड़ने पर किस्त भी कई गुना हो जाती है: 5,000 रुपये की पेंशन के लिए 18 की उम्र में 210 रुपये और 40 की उम्र में 1,454 रुपये महीना।
बैंक की हिचक का कारण: परिपत्र में लिखा है कि जो खाते खुलने के 12 महीने के अंदर बंद हो जाएँ या जिनमें शून्य बैलेंस हो, उन पर बैंक या डाकघर को कोई प्रोत्साहन राशि नहीं मिलती। इसलिए कुछ शाखाएँ खाता बंद करने में टालमटोल करती हैं। फॉर्म लेना और पावती देना बैंक की ज़िम्मेदारी है, यह परिपत्र में साफ़ लिखा है।
🎯 Atal Pension Yojana Closure Form से पहले ये विकल्प आज़माएँ
1. पेंशन राशि घटाएँ, खाता नहीं: अगर किस्त भारी लग रही है, तो खाता बंद करने के बजाय पेंशन राशि कम करवा लें। पेंशन की राशि साल में एक बार घटाई या बढ़ाई जा सकती है। 5,000 की जगह 2,000 या 1,000 रुपये की पेंशन पर किस्त काफ़ी कम हो जाती है और गारंटी बनी रहती है। उम्र के हिसाब से हर पेंशन की किस्त हमारी Atal Pension Yojana Form PDF वाली पोस्ट की तालिका में देखें।
2. मासिक की जगह तिमाही या छमाही किस्त: जिनकी कमाई फसल या मौसम के हिसाब से आती है, वे किस्त का तरीका बदलकर रुकावट से बच सकते हैं।
3. पैसे की तुरंत ज़रूरत हो तो पहले हिसाब लगाएँ: कुछ साल पुराने खाते में आम तौर पर कुछ हज़ार से तीस-चालीस हज़ार रुपये ही होते हैं। अगर इतनी रकम के लिए 60 के बाद की जीवन भर की पेंशन छोड़नी पड़ रही है, तो पहले दूसरे रास्ते देखें। पढ़ाई के खर्च के लिए राजस्थान सरकार की अंबेडकर DBT वाउचर योजना और छात्रवृत्ति व स्कूटी योजनाओं की जानकारी भी देख लें।
4. बंद करना तय हो तो: फॉर्म की दो प्रतियाँ बनाएँ, एक पर बैंक की मुहर लगवाकर अपने पास रखें, बचत खाता चालू रखें, और पैसा आने तक हर हफ्ते पासबुक या SMS देखते रहें। देरी हो तो पावती के साथ शाखा प्रबंधक से लिखित शिकायत करें।
Atal Pension Yojana Closure Form भरते समय ये गलतियाँ न करें
- PRAN गलत लिखना: एक अंक की गलती से अनुरोध अटक जाता है। पावती या SMS से मिलाकर लिखें।
- बंद या निष्क्रिय बचत खाता लिखना: पैसा वापस आने के बजाय PRAN में ही पड़ा रहेगा।
- नाम में फ़र्क: बैंक खाते और APY में नाम अलग होने पर पेनी ड्रॉप जाँच में अनुरोध रुक सकता है।
- पावती न लेना: बिना पावती के फॉर्म जमा होने का कोई सबूत नहीं रहता।
- मृत्यु के मामले में यही फॉर्म भरना: यह फॉर्म सिर्फ अपनी मर्ज़ी से खाता बंद करने (Voluntary Exit) के लिए है। मृत्यु के मामले का फॉर्म अलग है।
सरकारी योजनाओं की बाकी जानकारी हमारी सरकारी योजना श्रेणी में है।
स्रोत: PFRDA परिपत्र PFRDA/3/APY/109 (02.05.2016) और APY Account Closure Form (Voluntary Exit), India Post; PFRDA परिपत्र PFRDA/2017/22/APY/2 (25.08.2017, मृत्यु के मामले); PFRDA परिपत्र PFRDA/2021/38/SUP-CRA/16 (03.09.2021, बैंक खाता सत्यापन)। अंतिम अपडेट: 22 अक्टूबर 2026।
क्या अटल पेंशन योजना का खाता 60 साल से पहले बंद हो सकता है?
हाँ। सब्सक्राइबर अपनी मर्ज़ी से Account Closure Form (Voluntary Exit) भरकर उसी बैंक शाखा या डाकघर में जमा कर सकता है जहाँ खाता खुला है।
खाता बंद करने पर कितना पैसा वापस मिलता है?
अपना जमा किया पैसा और उस पर हुई शुद्ध कमाई, जिसमें से खाता रखरखाव और निवेश प्रबंधन शुल्क कटते हैं। सरकारी अंशदान और उस पर हुई कमाई वापस नहीं मिलती।
पैसा किस खाते में आता है?
APY में दर्ज बचत खाते में। खाता बंद या निष्क्रिय हो तो पैसा PRAN में ही पड़ा रहता है, इसलिए पैसा आने तक बचत खाता चालू रखें।
सब्सक्राइबर की मृत्यु होने पर क्या होता है?
जीवनसाथी चाहे तो 60 की उम्र तक किस्त भरकर खाता अपने नाम पर चला सकता है और वही पेंशन पा सकता है; नहीं तो पूरा कॉर्पस जीवनसाथी या नॉमिनी को मिलता है। इसके लिए अलग फॉर्म है।
किस्त भारी लग रही हो तो क्या खाता बंद करना ज़रूरी है?
नहीं। पेंशन की राशि साल में एक बार घटाई जा सकती है, जिससे किस्त कम हो जाती है और गारंटीड पेंशन बनी रहती है।